तीन पहचाने गए स्पैमर डेटाबेस वाला Telegram anti-spam bot
UC PR Bot नए सदस्यों को CAS, LOLS और StopUSDT में जाँचता है। पहचाना गया स्पैम अकाउंट लिखने की कोशिश करे तो उसका संदेश हटता है और लिखने की अनुमति रोकी जाती है।
तीन स्वतंत्र डेटाबेस
हर नए सदस्य को CAS, LOLS और StopUSDT में जाँचा जाता है। इससे पहचाने गए स्पैम अकाउंट पकड़े जाते हैं, लेकिन हर तरह का स्पैम हटाने की गारंटी नहीं दी जा सकती।
सुरक्षित तकनीकी व्यवहार
कोई बाहरी डेटाबेस थोड़ी देर उपलब्ध न हो तो केवल उस गलती के कारण बिना पुष्टि वाले सामान्य व्यक्ति को बॉट नहीं रोकता।
स्क्रीनशॉट में बॉट का English इंटरफेस है। बॉट का पूरा मेन्यू और सदस्यों के सभी नोटिफिकेशन हिन्दी में भी उपलब्ध हैं।


हर ग्रुप की अलग सेटिंग
एंटी-स्पैम सामान्य रूप से चालू रहता है और हर जुड़े ग्रुप के लिए अलग चालू या बंद किया जा सकता है।
भरोसेमंद लोगों की व्हाइट लिस्ट
व्हाइट लिस्ट के लोग सामान्य रूप से लिखते हैं। सब्सक्रिप्शन या इनवाइट जाँच के कारण उनके पोस्ट नहीं हटते और एंटी-स्पैम उन्हें नहीं रोकता।
दोनों बॉट होने पर साफ़ सूचनाएँ
दोनों प्रोडक्ट स्वतंत्र रूप से काम करते हैं। STOP SPAM और UC PR Bot एक ग्रुप में हों तो पक्का स्पैम हटने के बाद UC PR Bot उस व्यक्ति की बेकार हो चुकी शर्तों की सूचना चुपचाप हटा देता है। ग्रुप में टकराने वाले दो बॉट संदेशों की जगह एक साफ़ मॉडरेशन सूचना रहती है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या एंटी-स्पैम हर अनचाहा संदेश हटाता है?
नहीं। यह पहचाने गए स्पैमर डेटाबेस जाँचता है और हर नए या सामान्य प्रचार संदेश को नहीं पकड़ सकता।
डेटाबेस उपलब्ध न हो तो क्या होता है?
उस स्रोत की जाँच fail-open होती है, इसलिए केवल तकनीकी गलती के कारण सामान्य व्यक्ति को सज़ा नहीं मिलती।
क्या एंटी-स्पैम बंद हो सकता है?
हाँ। हर ग्रुप का अपना स्विच है और वह सामान्य रूप से चालू रहता है।
अपने Telegram ग्रुप को सुरक्षित रखें
बॉट जोड़ें और सामान्य एंटी-स्पैम सेटिंग चालू रखें।